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न्याय के तहत दंड देने के अधिकारी शनिदेव एक ऐसे देवता हैं जिन्हें नाराज करने की हिमाकत कोई भी भक्त नहीं ले सकता है. माना जाता है कि यदि एक बार शनिदेव आप से रुष्ट हो जाए तो आपके जीवन में दुखो के बादल मंडराने में देर नहीं लगती हैं.

लेकिन ऐसा नहीं है की शनिदेव हमेशा बुरा ही करते हैं बल्कि ये बात भी सत्य हैं कि यदि आपने एक बार शनिदेव को प्रसन्न कर दिया तो समझो आपके जीवन की आधी से ज्यादा परेशानियां ख़त्म हो जाएगी.

ऐसे में सवाल यह उठता हैं कि आपको ये कैसे पता लगेगा कि शनिदेव आप से प्रसन्न हैं या नाराज हैं? कई बार हम अनजाने में ऐसी गलतियां कर देते हैं जिनका हमें जानकारी तक नहीं होती हैं. ऐसे में शनिदेव आपको अलग अलग माध्यम से संकेत देकर इस गलती का एहसास कराते हैं.

जानकारों के अनुसार वैदिक ज्योतिष में शनि ग्रह का बड़ा महत्व है। हिन्दू ज्योतिष में शनि ग्रह को आयु, दुख, रोग, पीड़ा, विज्ञान, तकनीकी, लोहा, खनिज तेल, कर्मचारी, सेवक, जेल आदि का कारक माना जाता है। यह मकर और कुंभ राशि का स्वामी होता है। तुला राशि शनि की उच्च राशि है जबकि मेष इसकी नीच राशि मानी जाती है।

हिन्दू धर्म में शनि ग्रह शनि देव के रूप में पूजा जाता है। पौराणिक शास्त्रों में शनि को सूर्य देव का पुत्र माना गया है। शास्त्रों में ऐसा वर्णन आता है कि सूर्य ने श्याम वर्ण के कारण शनि को अपना पुत्र मानने से इंकार कर दिया था। तभी से शनि सूर्य से शत्रु का भाव रखते हैं। हाथी, घोड़ा, मोर, हिरण, गधा, कुत्ता, भैंसा, गिद्ध और काैआ शनि की सवारी हैं। शनि इस पृथ्वी में सामंजस्य को बनाए रखता है और जो व्यक्ति के बुरे कर्म करता है वह उसको दण्डित करता है। हिन्दू धर्म में शनिवार के दिन लोग शनि देव की आराधना में व्रत धारण करते हैं तथा उन्हें सरसों का तेल अर्पित करते हैं।

शनि का गोचर एक राशि में ढ़ाई वर्ष तक रहता है। ज्योतिषीय भाषा में इसे शनि ढैय्या कहते हैं। नौ ग्रहों में शनि की गति सबसे मंद है। शनि की दशा साढ़े सात वर्ष की होती है जिसे शनि की साढ़े साती कहा जाता है।

दरअसल सनातन धर्म के अनुसार शनिदेव न्याय के देवता हैं। अगर आपमें ये आदतें हैं तो मान कर चलिए कि शनिदेव आपको कभी परेशान नहीं करेंगे, उल्टे आप पर उनकी कृपा दृष्टि सदैव रहने वाली है। हर संकट में वे आपके साथी बनकर राह दिखाएंगे। जानिए वे आदतें जिनसे हमेशा प्रसन्न रहते हैं शनिदेव …

1. नाखून काटते रहें
जो लोग रोज अपने नाखून काटते हैं और उन्हें साफ भी रखते हैं, शनि ऐसा करने वालों का हमेशा खयाल रखते हैं। इसलिए अचानक अगर आप अपने नाखून काटने में आलस करने लगें या आपके नाखून गंदे रहने लगे तो समझें कि आपको शनि दशा सुधारने के लिए उपाय करने चाहिए। नाखून काटने की आदत को कभी ना बदलें।

2. दान करते रहें
अगर आपका दिल गरीबों, जरूरतमंदों को देखकर पसीज जाता है और हर तीज-त्योहार पर गरीब जरूरतमंद की आप मदद करते हैं तो समझें शनिदेव की आप पर विशेष कृपा है। अगर आप गरीबों को काले चने, काले तिल, उड़द दाल और कपड़े सच्चे मन से दान करते हैं, तो आश्वस्त रहिए कि शनिदेव आपका हमेशा कल्याण ही करेंगे।

3. छाते की भेंट देगी शनिदेव की छत्र-छाया
धूप व बारिश से बचने के लिए छाते दान करने वालों पर शनिदेव की छत्र-छाया हमेशा बनी रहती है। अगर अब तक यह आदत नहीं थी तो इसे तुरंत अपनी अच्छी आदतों में शामिल कर लीजिए। आखिर शनिदेव की छत्र-छाया किसे नहीं चाहिए?

4. कुत्तों की सेवा
कुत्तों की सेवा करने वालों से भगवान शनि हमेशा प्रसन्न होते हैं। कुत्तों को खाना देने वालों और उनको कभी ना सताने वालों के शनिदेव सभी कष्ट दूर करते हैं। इसलिए अगर आप भी कुत्तों को प्यार करते हैं तो जीवन में शनि कोप से सदा बचे रहेंगे।

5. नेत्रहीन को राह दिखाएं
किसी भी नेत्रहीन व्यक्ति को राह दिखाना, उनकी मदद करना शनि को खुश करने में सहायक सिद्ध होता है। जो लोग भी नेत्रहीन लोगों की अनदेखी नहीं करते, उनकी नि:स्वार्थ मदद करते हैं, शनिदेव उनसे हमेशा प्रसन्न रहते हैं और उनकी सफलता-उन्नति का मार्ग प्रशस्त करते हैं।

6. शनिवार का उपवास
शनिवार का उपवास रखकर अपने हिस्से का भोजन गरीबों को देने की आदत है तो समझें शनि की कृपा से अन्न के भंडार आपके लिए हमेशा खुले रहेंगे। ऐसे व्यक्ति अगर जीवन भर इस नियम का पालन करते हैं तो उन्हें कभी धन-संपदा की कमी नहीं होती।

7. मछलियों को आहार
जो मछली खाते नहीं है बल्कि मछलियों को खाना खिलाते हैं उनसे शनि हमेशा प्रसन्न रहते हैं। इसलिए अगर आपको भी मछलियों को दाना खिलाने की आदत है तो खुशकिस्मत हैं आप, अपनी इस आदत को छूटने ना दें।

8. हर दिन स्नान, साफ स्वच्छ रहने की आदत
प्रतिदिन स्नान कर खुद को साफ रखने वालों पर शनि की कृपा होती है। पवित्र रहने वालों की शनि हमेशा मदद करते हैं।

9. सफाई-कर्मियों की मदद
जो सफाई-कर्मियों का सम्मान करते हैं और उनकी आर्थिक मदद भी करते हैं, शनिदेव उनका साथ कभी नहीं छोड़ते। यह आदत कभी न बदलें, भाग्यशाली बनने की राह यही आदत खोलेगी। शनिदेव इस आदत से अत्यंत प्रसन्न रहते हैं।

10. साथी हाथ बढ़ाना
जो लोग जरूरतमंद, परेशान और मेहनतकश लोगों की यथासंभव मदद करते हैं, वे शनिदेव को बेहद पसंद होते हैं। शविदेव उनके सारे कष्ट हर लेते हैं। इसलिए मदद करने की अपनी आदत को सदा बने रहने दें।

11. सम्मान करने की आदत
वृद्ध माता-पिता तथा स्त्रियों को मां समान मानकर उनका सम्मान करने वालों की शनिदेव हमेशा सहायता करते हैं।

12. पौधारोपण और पीपल-बरगद का पूजन
पौधारोपण व पेड़ों का पूजन शनि भगवान को खुश करने के लिए बहुत जरूरी है। जो लोग पीपल और बरगद की पूजा करते हैं उनपर शनि अपनी कृपा अक्षुण्ण बनाए रखते हैं।

13. शिव की पूजा
भगवान शिव की पूजा शनि को प्रसन्न करती है। रोज शिवलिंग पर जल चढ़ाने और पूजा अर्चना करने वालों का शनि सदैव ध्यान रखते हैं।

14. पितरों का श्राद्ध
जो लोग अपने पितरों का श्राद्ध करते हैं उनसे प्रसन्न होकर शनिदेव उनके कष्ट दूर करते हैं। इसलिए यह आदत हमेश बरकरार रखें।

15. ईमानदारी से आजीविका
ऐसे लोग जो बिना किसी को नुकसान पहुंचाए, सही और धर्म की राह पर चलकर धन अर्जित करते हैं उन्हें शनि अपार लक्ष्मी का वर देते हैं। जो लोग ब्याजखोरी करते हैं, उनसे शनि रुष्ट हो जाते हैं। ब्याजखोरी से बचने वालों की शनि हमेशा सहायता करते हैं।

16. हनुमान आराधना
जिनके ईष्ट भगवान हनुमान होते हैं या जो हनुमान को ईष्ट देवता बनाता है शनिदेव उसके रक्षक बनकर सदैव उनकी रक्षा करते हैं।

17. कान्हा के दोस्त हैं शनि
जो श्रीकृष्ण को अपना ईष्ट भगवान मानते हैं शनि उनके दोस्त बन जाते हैं और कभी उनपर कोई विपत्ति नहीं आने देते।

18. दिव्यांगों की मदद
दिव्यांगों की सहायता करना शनिदेव को प्रसन्न करता है। ऐसे लोगों का शनि सदैव कल्याण करते हैं। शनि स्वयं एक पैर से शनै: शनै: चलते हैं अत: यथासंभव दिव्यांगों की मदद की आदत डालें।

19. शराब से दूरी
शराब का सेवन शनिदेव को नाराज करता है। जो लोग मदिरापान से दूर रहते हैं शनिदेव की कृपा उनपर बनी रहती है।

20. शाकाहार की आदत
जो लोग शाकाहार का सेवन करते हैं और मांस, मछली, मीट से दूर रहते हैं उनसे शनिदेव प्रसन्न होकर उनके परिवार समेत उनका भला करते हैं।

21. सातमुखी रुद्राक्ष
सातमुखी रुद्राक्ष धारण करने वालों के शनिदेव भाग्य खोल देते हैं। इसलिए जिन्हें रुद्राक्ष पसंद हो या रुद्राक्ष पहनने की आदत हो, वे शनिदेव से शुभ फल पाते हैं।

22. कुष्ठ रोगियों की मदद
कुष्ठ रोगियों की सेवा करना पुण्य का काम माना गया है। शनि भी ऐसे लोगों से प्रसन्न होते हैं जो कुष्ठ रोगियों की सेवा करते हैं। ऐसे लोगों को सारे कष्टों, परेशानियों से शनिदेव बचाते हैं।

ऐसे पहचानें शनि देव के संकेत…
आप सभी सोते समय सपने जरूर देखते होंगे. कई बार इन सपनो में हम अजीब अजीब चीजे देख लेते हैं. ऐसे में कुछ चीजो का सीधा संबंध आपकी जिंदगी से भी होता हैं. आज हम आपको सपने में दिखने वाले कुछ ऐसे संकेतो के बारे में बताएंगे जिन्हें स्वयं शनिदेव अपने भक्तो को दिखा कर किसी चीज के लिए आगाह कर रहे होते हैं.

सपने में आकर शनिदेव देते हैं ये संकेत…
1. यदि आपको सपने में शनिदेव काले भैंसे पर सवार दिखाई दे तो समझ जाइए आपकी जिंदगी में कोई बहुत बड़ी दुर्घटना होने वाली हैं. इस दुर्घटना को टालने के लिए आपको शनि मंदिर में जाकर तिल का तेल अर्पण करना चाहिए. साथी ही आप शनिवार के दिन शनिदेव के नाम का व्रत भी रखे. इसके विपरीत यदि आपको सपने में सिर्फ काला भैंसा दिखाई देता हैं और शनिदेव दिखाई नहीं देते हैं तो समझ जाइए कि ये दुर्घटना आपके साथ नहीं बल्कि आपके किसी करीबी के साथ होने वाली हैं. ऐसी स्थिति में भी आप यही उपाय अपनाकर अपने करीबियों को क्षमा करने की विनती कर सकते हैं.

2. यदि आप सपने में कौआ को दाना चुगते
या कोई और भोजन ग्रहण करते हुए देखते हैं तो समझ जाइए कि आपको जल्द ही आर्थिक तंगी से छुटकारा मिलने वाला हैं. आपको बता दे कि कौआ शनिदेव का वाहन होता हैं ऐसे में इसे दाना चुगते हुए देखना संकेत हैं कि आपकी आर्थिक स्थिति में सुधार आने वाला हैं.

यदि आप ने इस कौए के साथ शनिदेव को भी देख लिया तो समझ जाइए कि आपके भाग्य खुल चुके हैं. शनिदेव आप से बहुत प्रसन्न हैं और जल्द आपको बहुत बड़ा धन लाभ होने वाला हैं. ऐसे में आपको चाहिए कि आप शनिदेव की पूजा आराधना में कोई कमी नहीं छोड़े और उन्हें हमेशा प्रसन्न ही रखे.

यदि आप सपने में खुद को शनिदेव की आरधना करते देखे
शनिदेव की आरधना करते हुए देखे या आपको शनिदेव का मंदिर दिखाई दे या उनकी कोई भी प्रतिमा के साथ आप स्वयं को भी खड़ा देखे तो समझ जाइए कि शनिदेव आपको याद दिला रहे हैं कि आपकी पूजा पाठ में कुछ कमी रह गई हैं. ऐसे में आपको नियमित रूप से शनिदेव के मंदिर जाना, उन्हें तेल चढ़ाना और उनकी आराधना करना इत्यादि शुरू कर देना चाहिए. यदि आप सही वक़्त पर ये सबकुछ शुरू कर देंगे तो शनिदेव आपसे नाराज नहीं होंगे.















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